Cold Wave : हरियाणा के 13 जिलों में ‘रेड अलर्ट’: मौसम विभाग ने भीषण शीतलहर की जारी की चेतावनी
राजस्थान बॉर्डर से सटे इलाकों में चलेगी हाड़ कंपाने वाली शीतलहर

Cold Wave: चंडीगढ़/गुरुग्राम | 10 जनवरी 2026
हरियाणा में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है। मौसम विभाग (IMD) ने आज, 10 जनवरी के लिए राज्य के 13 जिलों में घने कोहरे और भीषण शीतलहर (Cold Wave) का अलर्ट जारी किया है। विशेष रूप से राजस्थान की सीमा से सटे जिलों में बर्फीली हवाओं के चलने से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है।
13 जिलों में ‘कोहरा अलर्ट’: सड़क और रेल यातायात प्रभावित
मौसम विभाग के अनुसार, अंबाला, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, पानीपत और सोनीपत सहित 13 जिलों में सुबह के समय ‘जीरो विजिबिलिटी’ दर्ज की गई।
यातायात पर असर: कोहरे के कारण दिल्ली-चंडीगढ़ और दिल्ली-जयपुर हाईवे पर वाहनों की गति धीमी हो गई है। कई लंबी दूरी की ट्रेनें अपने निर्धारित समय से 3 से 5 घंटे की देरी से चल रही हैं।
प्रशासन की सलाह: पुलिस ने वाहन चालकों को फॉग लाइट का उपयोग करने और हाईवे पर निर्धारित गति सीमा से कम चलने की सख्त हिदायत दी है।
राजस्थान बॉर्डर पर शीतलहर का ‘टॉर्चर’
हरियाणा के दक्षिणी और पश्चिमी हिस्से, जो राजस्थान बॉर्डर से लगते हैं (जैसे सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी और महेंद्रगढ़), वहां शीतलहर (Cold Wave) का प्रकोप सबसे अधिक देखा जा रहा है।

इन इलाकों में न्यूनतम तापमान 3°C से 5°C के बीच रहने का अनुमान है।
खुश्क हवाओं के कारण दिन के तापमान में भी भारी गिरावट आई है, जिससे ‘कोल्ड डे’ जैसी स्थिति बनी हुई है।
खेती और स्वास्थ्य पर प्रभाव
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यह ठंड गेहूं और सरसों की फसल के लिए फायदेमंद है, लेकिन पाला (Frost) गिरने की स्थिति में सब्जी की फसलों को नुकसान हो सकता है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने बुजुर्गों और बच्चों को सुबह-शाम घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है, क्योंकि गिरता तापमान सांस और हृदय रोगियों के लिए घातक हो सकता है।
अगले 48 घंटे कैसे रहेंगे?
मौसम विज्ञान केंद्र, हिसार के अनुसार, अगले दो से तीन दिनों तक मौसम में किसी बड़े बदलाव की उम्मीद नहीं है। हिमालय से आ रही ठंडी हवाओं के कारण रात के तापमान में अभी और गिरावट आ सकती है। फिलहाल बारिश की कोई संभावना नहीं है, जिससे सूखी ठंड का असर बना रहेगा।

सावधानी ही बचाव है:
वाहन चलाते समय सावधानी बरतें।
गर्म कपड़ों की कई परतें पहनें।
हीटर या अंगीठी जलाते समय वेंटिलेशन का ध्यान जरूर रखें।











